प्रेम कविताएं देवांश दीक्षित की आवाज़ में

सुनिए अनुराग अनंत और विमल कुमार की प्रेम कविताएं देवांश दीक्षित की आवाज़ में


"तुम हवा बनकर आई थी मेरे लिए तुम्हें मालूम नहीं था कि तुम किसी के लिए आक्सीजन बन गई हो इन दिनों" - विमल कुमार




 

"यदि नहीं है कोई लड़की जो कहती हो तुम्हे अपना आधा हिस्सा तो विश्वास करो तुम अधूरे ही रहोगे" - अनुराग अनंत




 

देवांश 'एकांत' एक युवा हिंदी कवि हैं। अपनी कविताओं के अलावा वे अपने पॉडकास्ट 'एकांत' के लिए जाने जाते हैं जहाँ वे भिन्न-भिन्न कवियों की कविताओं का अनुवाचन करते हैं ।

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